Monday, July 29, 2013

खुदा का जनाजा

खुदा का जनाजा 

शामिल हो कर खुदा के जनाजे में
लगा दोजख-ओ-जन्नत मिल गयी
तैरती हवा में दिखीं जन्नत में  हूरें
दोजख में दिखे इंसान हमारी तरह
खुदा को याद आने लगे अपने पाप
सताने लगा उसको खुदाई जुर्मों का ताप
रह गयी हूरें देख यह अजीब नज़ारा
खुदा ने पकड लिया रास्ता दोजख का.
क्या खुदाओं में भी होती है अंतरात्मा?
या पवाड था यह मर चुका खुदा?
[ईमि/२९.०७.२०१३]

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